रिपोर्ट - प्रवीण वेद (बबलू) झाड़ोल
उदयपुर।
पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में अनूठी पहल करते हुए उदयपुर के पर्यावरण प्रेमी महेश उपाध्याय ने एक मिसाल कायम की है। आम की गुठलियों से 500 से अधिक पौधे तैयार कर उन्हें सरकारी विद्यालयों और विभिन्न संस्थाओं में निशुल्क वितरित करने के उनके सराहनीय कार्य के लिए उन्हें “राजस्थान समरसता गौरव सम्मान 2026” से सम्मानित किया गया।
यह सम्मान समारोह राजधानी जयपुर में भव्य रूप से आयोजित हुआ, जहां 25 देशों के राष्ट्रध्वजों की उपस्थिति ने कार्यक्रम को अंतर्राष्ट्रीय स्वरूप प्रदान किया। कार्यक्रम का आयोजन अंतर्राष्ट्रीय समरसता मंच द्वारा किया गया, जिसका उद्देश्य राजस्थान की समृद्ध संस्कृति, परंपराओं और सामाजिक समरसता को बढ़ावा देना है।
महेश उपाध्याय, जो वृक्षम अमृतम संस्थान के वरिष्ठ कार्यकारी सदस्य हैं, ने पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन का रूप देने की दिशा में उल्लेखनीय योगदान दिया है। उनके द्वारा तैयार किए गए पौधे न केवल हरियाली बढ़ा रहे हैं, बल्कि लोगों को प्रकृति के प्रति जागरूक भी कर रहे हैं।
समारोह में समाज सेवा, शिक्षा, संस्कृति और अन्य क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाले कई प्रतिभाशाली व्यक्तियों को भी सम्मानित किया गया। मंच के विशिष्ट अतिथियों ने महेश उपाध्याय को स्मृति चिन्ह और प्रशस्ति पत्र भेंट कर उनके कार्यों की सराहना की।
संस्थान के अध्यक्ष गोपेश शर्मा और मीडिया प्रभारी नरेश पूर्बिया ने बताया कि संस्था का मुख्य उद्देश्य राजस्थान को हरा-भरा बनाना और आमजन में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाना है।
