रिपोर्ट - बबलू वेद, झाड़ोल
नेनबारा में भूमि आवंटन, नामांतरण, पीपीओ, प्रमाण-पत्र और आवास योजना सहित कई कार्यों का त्वरित निस्तारण
झाड़ोल |
पंचायत समिति झाड़ोल की ग्राम पंचायत नेनबारा में शुक्रवार को आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर प्रशासन की त्वरित कार्यशैली और जनहित के प्रति प्रतिबद्धता का प्रभावी उदाहरण बनकर सामने आया। शिविर प्रभारी एवं तहसीलदार सीताराम बोरीवाल के नेतृत्व में आयोजित शिविर में राजस्व, शिक्षा, पंचायत, सामाजिक सुरक्षा और ग्रामीण विकास से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण प्रकरणों का मौके पर निस्तारण किया गया। शिविर के दौरान लिए गए फैसलों से न केवल आमजन को राहत मिली, बल्कि क्षेत्र के विकास कार्यों को भी नई गति मिली।
शिविर में राजस्व विभाग द्वारा 6 नामांतरण प्रकरणों का निस्तारण कर वर्षों से लंबित मामलों को राहत प्रदान की गई। शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण पहल करते हुए भवरिया फला एवं डूंगरी फला में विद्यालयों के लिए भूमि आवंटन के दो प्रस्ताव तैयार किए गए, जिससे भविष्य में विद्यार्थियों को स्थानीय स्तर पर बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराने का मार्ग प्रशस्त होगा।
इसी प्रकार नवगठित ग्राम पंचायत सेरा के पंचायत भवन के लिए पट्टा जारी करने का प्रस्ताव तैयार किया गया, जिससे पंचायत भवन निर्माण की प्रक्रिया को गति मिलेगी और ग्रामीणों को प्रशासनिक सेवाएं अपने क्षेत्र में ही उपलब्ध हो सकेंगी। महिला एवं बाल विकास विभाग के अंतर्गत दो आंगनवाड़ी भवनों के लिए भूमि आवंटन प्रस्ताव भी तैयार किए गए, जिससे मातृ एवं शिशु कल्याण सेवाओं का विस्तार होगा।
सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के तहत चार पेंशन भुगतान आदेश (पीपीओ) जारी किए गए। आमजन को राहत देते हुए दो जन्म प्रमाण पत्र तथा दो मृत्यु प्रमाण पत्र भी मौके पर बनाए गए। पात्र हितग्राहियों को प्रधानमंत्री आवास योजना की किस्त जारी कर उन्हें आवास निर्माण के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई गई।
शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई तथा पात्र परिवारों को योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया गया। ग्रामीणों की समस्याएं सुनकर कई मामलों का मौके पर समाधान किया गया, जिससे लोगों ने प्रशासन की कार्यशैली की सराहना की।
शिविर में विधानसभा प्रभारी मुकेश माली, ओबीसी मोर्चा मंडल अध्यक्ष गोपाल तेली, मंडल उपाध्यक्ष राजेश जैन, प्रशासक सुशीला भगोरा, ग्राम विकास अधिकारी मनोज कुमार डिंडोर, राजस्व निरीक्षक मनी निनामा, पटवारी मावली मीणा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
नेनबारा का यह ग्रामीण सेवा शिविर एक बार फिर इस बात का प्रमाण बना कि सरकार की मंशा केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उन्हें अंतिम व्यक्ति तक प्रभावी ढंग से पहुंचाना है। मौके पर लिए गए निर्णयों और विकासोन्मुख प्रस्तावों ने शिक्षा, सामाजिक सुरक्षा, पंचायत विकास और आधारभूत सुविधाओं को नई दिशा देते हुए ग्रामीणों के प्रशासन पर विश्वास को और अधिक मजबूत किया।
