रिपोर्ट - बबलू वेद, झाड़ोल
ग्राम पंचायत मगवास में नई पंचायत के गठन के साथ ही गांव के विकास को लेकर नई उम्मीदों और अपेक्षाओं का दौर शुरू हो गया है। नवनिर्वाचित सरपंच मंजू देवी चव्हाण ने समस्त नवनिर्वाचित वार्ड पंचों के साथ विधिवत पदभार ग्रहण कर ग्राम पंचायत की जिम्मेदारी संभाली। इस अवसर पर आयोजित पदभार ग्रहण समारोह में ग्रामीणों, वरिष्ठ नागरिकों और महिलाओं की उत्साहपूर्ण भागीदारी देखने को मिली। समारोह केवल पदभार ग्रहण करने तक सीमित नहीं रहा, बल्कि नई पंचायत के सामने गांव के विकास, जनसमस्याओं के समाधान और ग्रामीणों के विश्वास पर खरा उतरने की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी का संदेश भी लेकर आया।
पदभार ग्रहण करने के बाद सरपंच मंजू देवी चव्हाण ने उपस्थित ग्रामवासियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ग्रामीणों ने उन पर जो विश्वास और भरोसा जताया है, वह उनके लिए जिम्मेदारी के साथ-साथ सेवा का अवसर भी है। वह इस विश्वास को कभी कमजोर नहीं पड़ने देंगी और पंचायत क्षेत्र के विकास के लिए पूरी निष्ठा एवं समर्पण के साथ कार्य करेंगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि चुनाव के दौरान ग्रामीणों के समक्ष रखे गए घोषणा पत्र को आधार बनाकर विकास कार्यों की प्राथमिकताएं तय की जाएंगी तथा एक-एक करके सभी वादों को धरातल पर उतारने का प्रयास किया जाएगा।
पक्ष-विपक्ष नहीं, अब पूरा गांव एक परिवार; विकास में सभी की भागीदारी पर जोर
सरपंच मंजू देवी चव्हाण ने अपने संबोधन में सबसे महत्वपूर्ण राजनीतिक और सामाजिक संदेश देते हुए कहा कि पंचायत संचालन में पक्ष-विपक्ष की राजनीति को प्राथमिकता नहीं दी जाएगी। चुनाव के दौरान किसने किसका समर्थन किया, यह अब पीछे छूट चुका है। अब सभी ग्रामीण उनके लिए समान हैं और पंचायत का प्रत्येक व्यक्ति गांव के विकास में सहभागी है। उन्होंने कहा कि उनकी प्राथमिकता सभी को साथ लेकर चलने, प्रत्येक ग्रामीण की बात सुनने और बिना किसी भेदभाव के समस्याओं के समाधान का प्रयास करने की रहेगी।
उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि पंचायत के विकास कार्यों को लेकर केवल जनप्रतिनिधियों पर निर्भर रहने के बजाय सभी लोग अपनी जिम्मेदारी समझें और सकारात्मक सहयोग प्रदान करें। गांव में विकास की मजबूत नींव तभी रखी जा सकती है, जब जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों के बीच आपसी विश्वास, पारदर्शिता और सामूहिक सहभागिता बनी रहे।
घोषणा पत्र के वादों पर टिकी ग्रामीणों की उम्मीदें, अब काम से बनेगी नई पंचायत की पहचान
मगवास पंचायत में नई जनप्रतिनिधि टीम के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती चुनाव के दौरान किए गए वादों को वास्तविक विकास कार्यों में बदलने की होगी। ग्रामीणों की अपेक्षा है कि पंचायत क्षेत्र की बुनियादी समस्याओं को प्राथमिकता मिले, विकास योजनाओं का लाभ पात्र परिवारों तक पहुंचे और आमजन को पंचायत स्तर पर अपने कार्यों के लिए अनावश्यक परेशानियों का सामना नहीं करना पड़े।
सरपंच मंजू देवी चव्हाण ने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि प्रत्येक व्यक्ति की समस्या को गंभीरता से सुना जाएगा और उसके समाधान के लिए आवश्यक प्रयास किए जाएंगे। उनके इस संकल्प से ग्रामीणों में नई पंचायत से बेहतर कार्यशैली और विकास की उम्मीद जगी है। अब आने वाले समय में पंचायत के विकास कार्य, जनसमस्याओं के निस्तारण और ग्रामीणों के साथ समन्वय ही नई पंचायत के कार्यकाल की वास्तविक पहचान तय करेंगे।
समारोह के अंत में सरपंच ने नवनिर्वाचित उपसरपंच अनिता शर्मा, समस्त वार्ड पंचों, वरिष्ठ नागरिकों, महिलाओं एवं उपस्थित ग्रामीणों का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में ग्रामीणों की उपस्थिति ने नई पंचायत के प्रति उत्साह और सहयोग की भावना को प्रदर्शित किया।
ये रहे उपस्थित
कार्यक्रम में नवनिर्वाचित उपसरपंच अनिता शर्मा सहित दिनेश सुथार, मनोहर मेघवाल, दीपक जोशी, नारायण जोशी, वेणीचंद लोहार, ललित पूर्बिया, बद्रीनारायण शर्मा, हरि लाल मेघवाल, प्रेमशंकर जोशी, सरदारमल, हूरमाल चव्हाण, मिलन लोहार, नीतू पुर्बिया, तारा सुथार सहित समस्त नवनिर्वाचित वार्ड पंच एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
